Kabhi Fursat Ho To Jagdambe Lyrics(कभी फ़ुरसत हो तो जगदम्बे भजन लिरिक्स)

kabhi fursat ho to jagdambe bhajan lyrics

कभी फुर्सत हो तो जगदम्बे, निर्धन के घर भी आ जानाजो रूखा सूखा दिया हमें, कभी उस का भोग लगा जाना ना छतर बना सका सोने का, ना चुनरी घर मेरे तारों जड़ीना पेडे बर्फी मेवा है माँ, बस श्रद्धा हैं नैन बिछाए खड़ीइस श्रद्धा की रख लो लाज हे माँ, इस अर्जी को ना … Read more